जालंधरः जालंधर के बी.एम.सी. चौक के पास स्थित सतगुरु इमीग्रेशन एक बार फिर विवादों में है। पहले सामने आए स्पाउस वीजा मामले के बाद अब सूत्रों के हवाले से एक और ठगी की जानकारी सामने आई है। बताया जा रहा है कि नकोदर में रहने वाले एक व्यक्ति के साथ भी विदेश भेजने के नाम पर कथित धोखाधड़ी की गई है। हालांकि इस नए मामले में अभी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।
गौरतलब है कि कुछ समय पहले कोटकपूरा निवासी एक युवक ने आरोप लगाया था कि उसने कनाडा जाने के लिए स्पाउस वीजा की फाइल सतगुरु इमीग्रेशन के माध्यम से लगवाई थी। आरोप के अनुसार एजेंसी ने उससे करीब 7 लाख 82 हजार रुपये लिए और बाद में वीजा अप्रूव होने की जानकारी दी। युवक का दावा था कि जब उसने अपने स्तर पर वीजा की ऑनलाइन जांच करवाई तो दस्तावेज फर्जी निकले और उनमें कई गंभीर त्रुटियां पाई गईं।
इस खुलासे के बाद पीड़ित परिवार और अन्य लोग एजेंसी के कार्यालय के बाहर पहुंच गए थे और विरोध प्रदर्शन किया था। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया था कि विदेश भेजने के नाम पर लोगों से मोटी रकम वसूली जा रही है और बदले में फर्जी दस्तावेज दिए जा रहे हैं।
वहीं, इस मामले में आज सतगुरु इमीग्रेशन की महिला संचालिका ने संपर्क कर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि यह केस वर्ष 2024 का है और फिलहाल अदालत में विचाराधीन है। उनका दावा है कि एजेंसी ने संबंधित युवक से 7 लाख 82 हजार रुपये नहीं लिए। उनके अनुसार युवक द्वारा दिखाई जा रही रसीदें फर्जी हैं और एजेंसी को बदनाम करने के लिए पेश की जा रही हैं।
महिला संचालिका का कहना है कि एजेंसी ने केवल 50 से 60 हजार रुपये प्रोसेसिंग फीस के रूप में लिए थे। हालांकि जब उनसे यह पूछा गया कि यदि इतनी बड़ी रकम नहीं ली गई तो फिर पैसे लौटाने की बात क्यों सामने आई, तो इस पर स्पष्ट जवाब नहीं मिल सका। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक पहले 2.50 लाख रुपये देने और शेष राशि बाद में चुकाने की बात कही गई थी, जिसे अब एजेंसी प्रबंधन नकार रहा है।
अब सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार नकोदर के एक अन्य व्यक्ति ने भी इसी तरह की शिकायत की है। बताया जा रहा है कि उसके साथ भी विदेश भेजने के नाम पर कथित रूप से आर्थिक लेन-देन हुआ, लेकिन परिणाम अपेक्षित नहीं रहा।
फिलहाल पूरा मामला अदालत में विचाराधीन है और पुलिस तथा संबंधित एजेंसियों द्वारा जांच की जा रही है। लगातार सामने आ रहे आरोपों के बीच यह देखना अहम होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और प्रशासन इस मामले में क्या कार्रवाई करता है।
बाकि कल तक इस मामले के कुछ सबूत भी हमारे पास पहुंचे है जिसके चलते कल वीडियों और रिकार्डिंग अपने चैनल के माध्यम से चलाई जाएगी।




